No icon

चाणक्य नीति 26/01/2022

क्रोध:- चाणक्य नीति कहती है कि क्रोध करने वाले को लक्ष्मी जी की कृपा प्राप्त नहीं होती है. क्रोध करने वाला व्यक्ति क्रोध के समय सही और गलत का भेद भूल जाता है. जिस कारण गलत कदम उठा लेता है. क्रोध को एक अवगुण माना गया है. क्रोध करने वाले व्यक्ति को सम्मान प्राप्त नहीं होता है. इससे हर कोई दूरी बनाना ही उचित समझता है!

लालच:- चाणक्य नीति कहती है लोभ यानि लालच सभी प्रकार के अवगुणों में वृद्धि करता है. इससे दूर रहना चाहिए. लोभ करने वाले व्यक्ति को लक्ष्मी जी कभी पसंद नहीं करती हैं!

 

अहंकार:- चाणक्य नीति कहती है कि अहंकार करने वालों को लक्ष्मी जी कभी पसंद नहीं करती है. अहंकार व्यक्ति का सबकुछ नष्ट कर देता है. इस बुरी आदत से बचने के लिए हर संभव प्रयास करने चाहिए|

Comment As:

Comment (0)